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Thursday, April 29, 2010

तिपतिया : बड़े शहर की हसीनाएँ

तिपतिया के अन्तर्गत 'बड़े शहर की हसीनाएँ' रचना के साथ लगे फ़ोटो के बारे में एक स्पष्टीकरण देना ज़रूरी है। यह जो युवती का चित्र साथ में लगा है, यह कोई वास्तविक चित्र नहीं है।
वास्तव में एक और बात थी जिसने इस चित्र के संदर्भ को मज़बूत किया। मेरी रचना में सोच थी कि - "ये हसीं पुतलियाँ क्या फ़ैक्ट्रियों में बनती हैं?"
और ये सुन्दरी वाकई फ़ैक्ट्री में निर्मित हुई है, ऐसा ही समझिए।

यह चित्र एक मॉडल "तिका" के चित्र पर आधारित अवश्य है, पर है यह एक कलाकार की चित्रकला का अद्भुत नमूना और वास्तविक से भिन्न। इस चमत्कारी चित्र वाली युवती का केवल चित्र में ही अस्तित्त्व है। इसे चित्रकार ने लगभग 70 घण्टों के अथक परिश्रम से तैयार किया है और इसको नाम दिया है - "TICA"।
इस कृति को रचा है श्री Dru Blair ने और इसका पूर्ण विवरण यहाँ उपलब्ध है -
http://www.drublair.com/comersus/store/tica.asp